कन्नड़ पत्रकार गौरी लंकेश के बाद आरोपी ने किया था लेखक के हत्या की साजिश

नई दिल्ली : सोशल एक्‍ट‍िविस्‍ट पत्रकार और कन्नड़ पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या की साजिश में पकड़े गए हिंदू युवा सेना के नेता के.टी. नवीन कुमार के बारे में कई खुलासा सामने आया हैं। इस मामले में जांच के दौरान एक हैरान कर देने वाला खुलासा यह हुआ है कि गौरी लंकेश की हत्या में उसकी भूमिका से प्रभावित होकर उसे एक नया टारगेट मैसूर के एक लेखक की हत्या करने का दिया गया था। आप को बताते की गौरी लंकेश बेंगलुरु की रहने वाली थीं। कन्‍नड़ साप्‍ताहिक अखबार 'लंकेश पत्रिके' की वह संपादक थी जिसे उनके पिता पी. लंकेश ने शुरू किया था। 1962 में जन्‍मी गौरी लंकेश ने अपने करियर की शुरुआत बेंगलुरू में 'टाइम्‍स ऑफ इंडिया' से की। कुछ समय के लिए वह दिल्‍ली आईं और फिर वापस बेंगलुरू लौट गईं जहां 'संडे' मैग्‍जीन के साथ नौ वर्षों तक काम किया। वर्ष 2000 में जब उनके पिता की मौत हुई तब वह इनाडु के तेलुगू चैनल के लिए काम कर रही थीं। 

मीडिया खबर के मुताबिक, कट्टरपंथी के.टी. नवीन कुमार ने कथि‍त तौर पर गौरी लंकेश की कांड में हत्यारों का सहयोग किया था। जिसके बाद उसके इस काम से प्रभावित होकर हत्या की साजिश रचने वालों ने उसे मैसूर के मुखर लेखक और तर्कवादी के.एस. भगवान की हत्या करने का काम भी सौंपा था। खबर के मुताबिक, एक अन्य आरोपी के साथ मिलकर भगवान की हत्या करने के लिए कट्टरपंथी के.टी. नवीन कुमार एक बंदूक तक भी खरीदने वाला था। खबर के माने तो के.एस. भगवान भी गौरी लंकेश की तरह हिंदू धार्मिक मान्यताओं पर करारा प्रहार करते रहे हैं।

आप को बता दे, गौरी लंकेश की 5 सितंबर, 2017 को उनके घर के बाहर हत्या कर दी गई थी। ऐसा आरोप है कि कट्टरपंथी के.टी. नवीन कुमार ने गौरी लंकेश के घर देख रखा था जिस वजह से उसने बाहर से आए हत्यारों को उसका घर दिखाया था। जानकारी के मुताबिक, अगर कुमार को गिरफ्तार करने में अगर एक हफ्ते की भी देरी हो जाती तो लेखक के.एस. भगवान की हत्या करने में आरोपी सफल हो सकते थे। आप को बताते चले की, एसआईटी ने 2 मार्च को 37 वर्षीय के.टी. नवीन कुमार को गौरी लंकेश की हत्या के मामले में गिरफ्तार किया था। हत्यारा के.टी नवीन कुमार गिरफ्तारी के समय उसके पास से 15 गोलियां भी बरामद हुईं थीं। एसआईटी ने गौरी लंकेश के घर के आस पास के  सीसीटीवी फुटेज में नवीन को घर के चक्कर लगाते देखे जाने के बाद उस पर शिकंजा जताया था।

जानकारी के मुताबिक, गौरी लंकेश हत्या मामले की जांच कर रही एसआईटी टीम के अधिकारी डीसीपी एम.एन.अनुचेथ ने बताया कि के.एस. भगवान की कथित हत्या की साजिश में आईपीसी के तहत हत्या के प्रयास और आपराधिक षडयंत्र का मामला दर्ज किया जाएगा। फ़िलहाल कुमार को अदालत ने आर्म्स एक्ट के तहत तो जमानत दे दिया है हालांकि, अब  पुलिस कई नई गंभीर धाराएं लगाकर जमानत रद्द करने के लिए कोर्ट को अपील करेगी। दूसरी तरफ पुलिस ने लेखक भगवान के घर की सुरक्षा बढ़ा दिया है।