खुशखबरी: अब दुनिया भर में पीआर कंपनी की मदद से होगा भारत का प्रचार

नई दिल्लीः हमारे देश में कई पर्यटन दिन प्रति दिन आते है। अलग अलग जगह में घूमते है देखते है। लेकिन, और भी ऐसे कई जगह है जहा पर्यटन पहुँचते ही नहीं है जिस कारण हम उन्हे मशहूर पर्यटन स्थलों तक नहीं ले जा पाते है। क्यों की उनकों ऐसे मशहूर पर्यटन स्थलों के कोई जानकारी नहीं मिलती है। इस बात को ध्यान में रखते हुए पर्यटन मंत्रालय देश की छवि को प्रोत्साहित करने और विदेशी पर्यटकों के बीच इसे एक सुरक्षित गंतव्य के रूप में बढावा देने के लिए जल्द ही एक जन संपर्क कंपनी की मदद लेने जा रहा है।

 खबर के मुताबिक, इस के मदद से हम हमारे देश की प्रगति भी कर सकते है। इस कंपनी के मदद से भारत के मशहूर पर्यटन स्थलों के बारे में प्रचार कराया जाएगा। ये बात हमारे देश के लिए बहुत फ़ायदेमं रहेगा। पर्यटन मंत्रालय की सचिव रश्मि वर्मा ने बताया कि मंत्रालय आरएफपी (प्रस्ताव के लिए आग्रह) दस्तावेज तैयार करने के लिए हितधारकों से बातचीत कर रहा है। इसी बीच रश्मि वर्मा ने बताया, ‘‘हम भारत को बढ़ावा देने, इसके विभिन्न आयामों को सामने लाने के साथ साथ दुनिया के समक्ष भारत को एक सुरक्षित गंतव्य बताने के लिए एक केन्द्रीय जन संपर्क कंपनी की सेवा लेंगे। उसका काम भारत के बारे में सकारात्मक संदेशदेना और सकारात्मक कहानियां सामने लाना होगा। यह एक निजी कंपनी होगी।’’

आप को बता दे, इतना ही नहीं मंत्रालय ने दुनिया भर में व्यापक प्रचार अभियान चलाने का भी निर्णय लिया है। प्रचार के माध्यम से दुनिया भर के पर्यटकों को भारतीय पर्यटन के प्रति प्रोत्साहित किया जाएगा। पर्यटन के प्रचार के लिए बजट को 2017-18 के 400 करोड़ रूपये से बढ़ाकर 2018-19 में 600 करोड़ रूपये किया गया है। ऐसे में आज आप को बताते चले की पर्यटन का महत्त्व क्या है।

आर्थिक प्रगति– पर्यटन उद्योग एड्स और विदेशी मुद्रा भंडार का समर्थन करता है इससे हमारे देश को विदेशी मुद्रा पैदा करने में लाभ मिलता है हर साल पर्यटकों की एक बड़ी संख्या भारत और अन्य स्थानों पर आती है। वे स्थानों पर जाते हैं; रहने और हमारे देश में दुकान। ये सभी विदेशी मुद्रा पीढ़ी की एक महत्वपूर्ण राशि के लिए योगदान देता है।

आय का स्रोत – पर्यटन सार्वजनिक और निजी आय के लिए आय का एक सतत स्रोत है सरकार ने विभिन्न प्रकार के कर का आरोप लगाया है जिसे सरकारी राजस्व कहा जाता है इन करों के माध्यम से उत्पन्न आय सार्वजनिक आय है एक विक्रेता द्वारा अर्जित लाभ, स्थानीय कलाकृतियों, हस्तशिल्प वस्तुओं आदि जैसे वस्तुओं को पर्यटकों को निजी आय कहते हैं। पर्यटन रोजगार सृजन में भी मदद करता है। इसने विशेष रूप से होटल उद्योग, आतिथ्य उद्योग, सेवा क्षेत्र, मनोरंजन और परिवहन उद्योग में रोजगार की शुरुआत की।